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खुशखबरीः Corona से जंग जीत रहा है उत्तर प्रदेश, इस रिपोर्ट से योगी सरकार को मिलेगी बड़ी राहत


उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोरोना संक्रमण के 28 हजार 76 नये मामले सामने आये है वहीं पहले से इलाज करा रहे 33 हजार 117 मरीज स्वस्थ हुये है। इस दौरान दो लाख 41 हजार 403 कोरोना टेस्टिंग की गयी। पिछली 30 अप्रैल को तीन लाख 10 हजार केस एक्टिव थे। आज एक सप्ताह की अवधि में 55,000 एक्टिव केस कम हुए हैं। 24 अप्रैल को सर्वाधिक 38 हजार पॉजिटिव केस आये थे, तब से नए केस में लगातार गिरावट आ रही है। साथ ही, स्वस्थ होने वाले लोगों की संख्या हर दिन बढ़ती जा रही है। रिकवरी दर बेहतर होता जा रहा है। राज्य में फिलहाल दो लाख 54 हजार 118 मरीजों का उपचार किया जा रहा है जिसमें एक लाख 98 हजार 857 मरीज होम आइसोलेशन में हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को टीम-9 के साथ कोरोना की समीक्षा करते हुये कहा कि वैक्सीनेशन की प्रक्रिया प्रदेश में तेजी से चल रही है। अब तक एक करोड़ 34 लाख 30 हजार से अधिक डोज लगाए जा चुके हैं। अधिक संक्रमण दर वाले सात जिलों में 18-44 आयु वर्ग के 85,566 लोगों को वैक्सीनेट किया जा चुका है। सोमवार से 11 और जिलों में 18-44 आयु वर्ग के टीकाकरण अभियान का शुभारंभ होगा। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विशेषज्ञों के परामर्श के अनुसार कोरोना संक्रमित अथवा लक्षण वाले लोग अभी टीकाकरण न कराएं। इसी प्रकार स्वास्थ्य विशेषज्ञों का यह भी मानना है कि कोविड संक्रमित व्यक्ति को स्वस्थ होने के न्यूनतम एक माह बाद ही वैक्सीनेशन कराना चाहिए। स्वास्थ्य संबंधी इन महत्वपूर्ण जानकारियों से लोगों को जागरूक किया जाए। योगी ने कहा कि संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए गांव-गांव टेस्टिंग का महा अभियान चल रहा है। लोग इसमें सहयोग कर रहे हैं। निगरानी समितियां घर-घर जाएं, स्क्रीनिंग करें, होम आइसोलेशन के मरीजों को मेडिकल किट उपलब्ध कराएं। लक्षणयुक्त लोगों के बारे में आरआरटी को सूचना देकर उनका एंटीजन टेस्ट कराया जाए। डीएम और सीएमओ यह सुनिश्चित करें कि टेस्ट की यह प्रक्रिया गांव में ही हो। सीएचसी/पीएचसी पर जाने की कोई अवश्यकता नहीं है। आरआरटी की संख्या में तीन से चार गुना बढ़ोतरी के लिए विशेष प्रयास किए जाएं। कांटेक्ट ट्रेसिंग और बेहतर करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अंतरराज्यीय बस परिवहन को स्थगित किया गया है। निजी परिवहन ऑपरेटर आधी क्षमता के साथ ही कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए ही संचालित हो सकेंगे। परिवहन विभाग इस व्यवस्था को सख्ती से लागू कराए। योगी ने कहा कि सभी सरकारी एवं निजी कार्यालयों में बीमार, दिव्यांग कर्मचारी और गर्भवती महिला कर्मचारियों को‘वर्क फ्रॉम होम’की सुविधा दी जाए। इन्हें कार्यालय आने की कोई अनिवार्यता नहीं है। इसी प्रकार, सभी सरकारी कार्यालयों में 50 प्रतिशत कार्मिक क्षमता से ही कार्य लिया जाए। एक समय मे एक तिहाई से अधिक कर्मचारी कतई उपस्थित न रहें। इस व्यवस्था को तत्काल प्रभावी बनाया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सभी जिलों को जरूरत के अनुसार ऑक्सीजन की आपूर्ति सुनिश्चित कराने के लिए सभी आवश्यक प्रबन्ध किये जा रहे हैं। केन्द्र से लगातार सहयोग प्राप्त हो रहा है। छह मई को 1032 मीट्रिक टन का वितरण किया गया। इसमें केवल रीफलर के माध्यम से ही 612 एमटी की आपूर्ति प्रदेश में की गई। वाराणसी में जल्द क्रियाशील हो रहे डीआरडीओ के कोविड अस्पताल को ट्रायल के लिए 10 एमटी ऑक्सीजन उपलब्ध कराई गई। योगी ने कहा कि विभिन्न जिलों में कुछ निजी अस्पतालों द्वारा बेड, ऑक्सीजन आदि का कृत्रिम अभाव पैदा करने का प्रयास किया जा रहा है। कुछ निजी अस्पतालों में शासन द्वारा तय शुल्क दर से कई गुना अधिक की वसूली करने की घटनाओं की जानकारी मिली है। यह कतई उचित नहीं है। इस प्रकार की गतिविधियां आपराधिक हैं। कुछ जिलों में इसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई है। सभी डीएम/सीएमओ ऐसे अस्पतालों पर नजर रखें और सख्ती के साथ यथोचित कार्रवाई करें। मरीज और उसके परिजन का किसी भी प्रकार उत्पीड़न स्वीकार नहीं किया जा सकता। योगी ने कहा कि आगरा में भारतीय सेना की मदद से एल-2 श्रेणी का 500 बेड का कोविड अस्पताल तैयार किया जा रहा है। एसजीपीजीआई, केजीएमयू में बेड विस्तार की कार्यवाही हो रही है। हमें मिशन मोड में कार्य करते हुए बेड की वर्तमान क्षमता को दोगुना करने की जरूरत है। सभी जिलों में इस कार्य को शीर्ष प्राथमिकता दी जाए। उन्होने कहा कि विशेषज्ञों के आकलन के मद्देनजर हमें सभी तरह की चुनौतियों के लिए तैयार रहना होगा। ऐसे में बेड, मैनपॉवर, चिकित्सकीय उपकरण, ऑक्सीजन और दवाओं की उपलब्धता वर्तमान क्षमता के सापेक्ष न्यूनतम दोगुना करने की कार्यवाही तेज हो। प्राथमिकता वाले इन कार्यों के लिए सचिव स्तर के अलग-अलग अधिकारियों को नामित किया जाए। किसी भी जिले में इनका कोई अभाव न हो। इस संबंध में मिशन मोड में कार्य करने की जरूरत है।

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