बदतर भाजपा के इस राज्य की हालत, केले के तने के सहारे नदी पार कर स्कूल जाने को मजबूर बच्चे, Video वायरल

विकासशील देश भारत में आज भी कर्इ राज्य एेसे हैं जो बुनियादी सुविधाआें की कमी से जूझ रहे हैं। आज जहां हर क्षेत्र में शिक्षा का इतना महत्व है तो वहीं देश में सड़क आैर शिक्षा के मामले में राज्याेंं की स्थिति किसी से छुपी नहीं हैं। हमारे देश में शिक्षा जैसी मूलभूत जरूरत को पूरा करने के लिए भी लोगों को पास पर्याप्त सुविधा नहीं है। दरअसल, असम के दलगांव भी एेसी ही बुनियादी कमियों से जूझ रहा है। यहां पर बच्चों को अपने घर से स्कूल जाने के लिए सड़क भी नसीब नहीं है। डारंग के दलगांव में स्थित एक प्राथमिक स्कूल के बच्चे अपनी जान हथेली पर रखकर नदी पार करके स्कूल आते-जाते हैं।
स्कूल जाने के लिए यहां पर बच्चों को केले के तने के सहारे नदी पार करना पड़ता है। केले के तने से सहारे स्कूल जाते बच्चों का एक वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में कुछ बच्चे केले के तने पर बैठकर नदी पार कर रहे हैं। तो वहीं कुछ माता-पिता बच्चों काे कंधे पर बिठाकर स्कूल ले जाने के लिए मजबूर हैं।#WATCH: Students of a primary school in Darrang's Dalgaon risk their lives and cross a river on banana stems, while on their way to school. #Assam pic.twitter.com/wRJ5apMY3e
— ANI (@ANI) 3 October 2018
इससे पहले भी असम से ही इस तरह की खबर आ चुकी है। असम के विस्वनाथ जिले के नाद्वार इलाके के बच्चों को स्कूल जाने के लिए नदी पार करना पड़ता है। उसमें भी नदी पार करने के लिए नाव नहीं है। उन बच्चों जान जोखिम में डालकर खाना बनाने वाले एल्मुनियम के पतीले (तसला) में बैठकर उसी में अपनी किताबों का बैग रखकर हाथ को पतवार की तरह चलाते हुए नदी पार करना होता है। गांव के सभी बच्चे इसी तरह स्कूल जाने के लिए नदी पार करते हैं। इस तरह नदी पार करना बड़ा जोखिम है। अगर पतीला का संतुलन थोड़ा भी बिगड़ा तो जान भी जा सकती है।#WATCH Students of a primary govt school in Assam's Biswanath district cross the river using aluminium pots to reach their school. pic.twitter.com/qeH5npjaBJ
— ANI (@ANI) 27 September 2018
from Daily News : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/2DWvHHQ
कोई टिप्पणी नहीं